Udham Singh Nagar district

 उत्तराखंड का उधम सिंह नगर जनपद



उधम सिंह नगर जनपद का इतिहास व भौगोलिक परिचय –
उधम सिंह नगर का नाम जनरल डायर को मारने वाले सरदार उधम सिंह के नाम पर पड़ा था।
उधम सिंह ने 13 मार्च 1940 को लंदन में जलियांवाला बाग हत्याकांड के के गुनहगार जनरल डायर को गोली मारी थी।
31 जुलाई 1940 को सरदार उधम सिंह फांसी दी गयी थी।
उधम सिंह नगर जनपद का गठन 30 सितम्बर 1995 को हुआ था।
उधम सिंह नगर का मुख्यालय रुद्रपुर है जिसको चंद वंश के राजा रुद्र चंद ने बसाया था।

उधम सिंह नगर की भौगोलिक स्थिति –

क्षेत्रफल- 2542 वर्ग किमी
पड़ोसी जिले/देश/राज्य-
पूर्व – नेपाल
पश्चिम – उत्तरप्रदेश
उत्तर – नैनीताल
दक्षिण – उत्तरप्रदेश
उत्तर पूर्व – चंपावत

उधम सिंह नगर प्रदेश के दो जनपदों नैनीताल व चम्पावत से सीमा बनाता है।

जनसंख्या- 16,48,902
जनघनत्व- 649
लिंगानुपात – 920
साक्षरता – 73.10%(न्यूनतम साक्षरता वाला जनपद)
महिला साक्षरता – 64.5%
पुरुष साक्षरता – 8%

उधम सिंह नगर के राष्ट्रीय राजमार्ग –
NH 09 – रामपुर(up)-रुद्रपुर-सितारगंज-नानकमत्ता-खटीमा-टनकपुर(चम्पावत)
NH 309- रुद्रपुर-काशीपुर-रामनगर-थलीसैंण
NH 109- रुद्रपुर-हल्द्वानी-नैनीताल

उधम सिंह नगर नदी तंत्र प्रमुख परियोजना व ताल –

उधम सिंह नगर का नदी तंत्र-

1.कोसी नदी –
उद्गम – कौसानी(बागेश्वर)
कोसी नदी बागेश्वर,अल्मोड़ा, नैनीताल, से होकर उधम सिंह नगर के सुल्तानपुर से राज्य से बाहर उत्तर प्रदेश में पहुंच जाती है व उत्तरप्रदेश में रामगंगा से मिल जाती है।

2.दाबका नदी –
दाबका नदी का उद्गम नैनीताल जिले से होता है व उधम सिंह नगर के बनगढ़ के समीप कोसी नदी में मिल जाती है।

3.ढेला नदी –
ढेला नदी रामगंगा की सहायक नदी है जिसका उद्गम नैनीताल के ढेला से होता है व उधम सिंह नगर से होते हुए उत्तरप्रदेश में प्रवेश करती है तथा किशनपुर के समीप रामगंगा से मिल जाती है।

4.गोला नदी –
गोला नदी रामगंगा की सहायक नदी है।
गोला नदी नैनीताल जनपद से निकलती है व उधम सिंह नगर के किच्छा से राज्य से बाहर उत्तर प्रदेश में पहुंच जाती है।

5.देहोआ नदी-
इस नदी पर उधम सिंह नगर में नानक सागर बांध बना हुआ है।

6.शारदा नहर –

चम्पावत में काली नदी पर बनबसा बैराज स्थित है।
यहाँ से शारदा नहर निकलती है जो उधम सिंह नगर से होकर उत्तरप्रदेश पहुंच जाती है।
इसी शारदा नहर पर खटीमा के निकट लोहिया हैंड जल विद्युत परियोजना है।

उधमसिंह नगर में स्थित प्रमुख परियोजनाऐं-
नानक सागर बांध – यह बांध देहला(देहोआ नदी) पर बना हुआ है।
तुमड़िया बांध – फीका नदी पर बना हुआ है।
बैगुल बांध – बैगुल नदी
ढोरा बांध
हरिपुरा बांध
लोहिया हैंड जल विद्युत परियोजना- यह परियोजना खटीमा में शारदा नहर पर स्थित है।

उधम सिंह नगर के प्रमुख ताल –

1.द्रोण सागर ताल –

उधम सिंह नगर के काशीपुर में स्थित है।

2.गिरीताल –
गिरीताल भी काशीपुर में स्थित है।

उधम सिंह नगर प्रसिद्ध स्थल –

1.काशीपुर-
काशीपुर ढेला नदी के तट पर बसा हुआ है।
काशीपुर की स्थापना 1639 में हुई।

(नोट- एटकिंसन के अनुसार काशीपुर की स्थापना 1718 में हुई थी।)
काशीपुर का प्राचीन नाम गोविषाण व उज्जयनी नगरी था।
चंद वंशीय राजा देवी चंद के एक अधिकारी काशीनाथ द्वारा बसाये जाने के कारण इस नगर का नाम काशीपुर पड़ा था।
1872 को काशीपुर नगर पालिका बना था।
2013 में काशीपुर को नगर निगम बनाया गया।

काशीपुर में स्थित प्रसिद्ध स्थल –

1.गोविषाण –
हर्षकालीन चीनी यात्री ह्वेनसांग अपनी यात्रा के दौरान यहाँ आया था व उसने गोविषाण का जिक्र किया है।
ह्वेनसांग के अनुसार वह मादीपुर से 66 मील की यात्रा पूरी कर गोविषाण नामक स्थान पर पहुंचा था।
गोविषाण की खुदाई से यहाँ प्राप्त सिक्कों, मृदभांडों से सिद्ध हुआ कि इस स्थान पर कुणिंदों का व कुषाणों का शासन था।

2.उज्जैन का किला –
इस किले की दीवारें 60 फुट ऊंची हैं।

3.रुद्रपुर –
ऊधम सिंह नगर जिले का मुख्यालय रुद्रपुर है।
रुद्रपुर की स्थापना चंद शासक रुद्रचंद ने की थी।
रुद्रपुर का प्राचीन नाम बोक्साड़ था।
रुद्रपुर को 2013 में नगर निगम बनाया गया।

4.बाजपुर-
बाजपुर को कुमाऊँ के चंद शासक बाजबहादुर चंद ने बसाया था।

5.जसपुर –
जसपुर का प्राचीन नाम शाहजाफर था।
इस नगर का नाम चंद वंशीय राजाओं के मंत्री यशोधर सिंह ने जशपुर रखा था

6.पंतनगर-
पंतनगर में देश का प्रथम कृषि विश्वविद्यालय गोविंद वल्लभ पंत कृषि विश्वविद्यालय स्थित है।
17 नवंबर 1960 को इस कृषि विश्वविद्यालय की स्थापना पंतनगर में पंडित नेहरू ने की थी।
1972 में इस कृषि विश्वविद्यालय का नाम बदलकर गोविंद वल्लभ पंत कृषि विश्वविद्यालय रखा गया।

ऊधम सिंह नगर के प्रमुख मंदिर-

1.बाला सुंदरी देवी मंदिर-
यह मंदिर उधम सिंह नगर के काशीपुर में स्थित है।
इस मंदिर को ज्वाल्पा देवी मंदिर व उज्जैनी देवी मंदिर भी कहा जाता है।
मंदिर के निकट द्रोण सागर व उज्जैन किला स्थित है।
इस मंदिर में चैत्र मास में चैती मेला लगता है।

2.अटरिया देवी मंदिर-
यह मंदिर उधमसिंह नगर के रुद्रपुर में स्थित है।
इस मंदिर में नवरात्रि को अटरिया मेले का आयोजन किया जाता है।

3.मोटेश्वर महादेव मंदिर-
इस मंदिर को भीमशंकर महादेव कहा जाता है।
यह मंदिर उधम सिंह नगर के काशीपुर में स्थित है।

4.चामुंडा देवी मंदिर-
यह मंदिर उधम सिंह नगर के काशीपुर के आर्यनगर में स्थित है।
मंदिर के निकट गिरीताल झील स्थित है।
माना जाता है कि मंदिर की स्थापना चंद शासकों ने की थी।

5.नानकमत्ता साहिब-
नानकमत्ता साहिब सिक्खों का पवित्र तीर्थ स्थल है।
नानकमत्ता साहिब का पुराना नाम बख्शी था।
नानकमत्ता साहिब उधम सिंह नगर के खटीमा क्षेत्र में देहोआ नदी के किनारे स्थित है।
नानकमत्ता साहिब के निकट ही देहोआ नदी पर नानक सागर बांध बना हुआ है।

उधम सिंह नगर के प्रमुख मेले –

1.चैती मेला(बाला सुंदरी मेला) –
यह मेला उधमसिंह नगर के काशीपुर में बाला सुंदरी देवी के मंदिर में लगता है।
यह मेला चैत्र मास को आयोजित किया जाता है।

2.झारखंडेश्वर मेला-
यह तीन दिवसीय मेला रुद्रपुर में झारखंडेश्वर शिव मंदिर में लगता है।

3.अटरिया मेला-
यह मेला उधमसिंह नगर के रुद्रपुर में स्थित अटरिया देवी मंदिर में लगता है।
यह मेला नवरात्रि को आयोजित किया जाता है।

उधमसिंह नगर का प्रशासनिक ढांचा –

विधानसभा सीटें-
जसपुर
काशीपुर
बाजपुर(SC)
गदरपुर
रुद्रपुर
किच्छा
सितारगंज
नानकमत्ता(ST)
खटीमा

तहसील-
काशीपुर
किच्छा
बाजपुर
जसपु
रुद्रपुर
गदरपुर
खटीमा
सितारगंज

विकासखंड-
जसपुर
काशीपुर
बाजपु
गदरपुर
रुद्रपुर
सितारगंज
खटीमा









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